Railway News: रेलवे ने आज से शुरू की ये अनारक्षित स्पेशल ट्रेन, इन शहरों के दैनिक यात्रियों को मिलेगी राहत

 
रेलवे ने आज से शुरू की ये अनारक्षित स्पेशल ट्रेन, इन शहरों के दैनिक यात्रियों को मिलेगी राहत

Railway News: भारतीय रेलवे अपनी ट्रेनों और स्टेशन सुविधाओं को अपग्रेड करने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। एक तरफ जहां वंदे भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ाई जा रही है, वहीं दूसरी तरफ लोकल ट्रेन ट्रांसपोर्ट के तहत नई ट्रेनें चलाने का सिलसिला भी लगातार जारी है. इसी सिलसिले में आज से गैर आरक्षित ट्रेन चलाई जा रही है, जो कुछ शहरों के यात्रियों के लिए एक अच्छी खबर है.

कहां से कहां तक चली ये अनारक्षित ट्रेन?

यह ट्रेन हरियाणा के रेवाडी से रोहतक तक और वापस रोहतक से रेवाडी तक चलाई गई है। इसकी आधिकारिक शुरुआत आज से हो रही है. यह ट्रेन रात 11.55 बजे रेवाड़ी से रवाना होगी और अगले दिन सुबह 1.30 बजे रोहतक पहुंचेगी. इस ट्रेन से रेवाडी से रोहतक जाने वाले यात्रियों को एक और ट्रेन मिल सकेगी.

यह किन स्टेशनों पर रुकेगी?

रे रोक अनारक्षित स्पेशल ट्रेन यात्रा के दौरान रेवाडी से शुरू होकर गोकलगढ़, पाल्हावास, मछरौली, झज्जर, डीघल और अबोहर स्टेशनों पर रुकेगी. इसका गंतव्य स्टेशन रोहतक है और यहां से इसका 1:30 बजे पहुंचने का समय निर्धारित है. इस ट्रेन का नंबर 09617 है और रोहतक से रेवाड़ी आने वाली ट्रेन का नंबर 09618 है.

ट्रेन की वापसी के समय और स्टेशनों के बारे में जानकारी प्राप्त करें

रोक-रे अनारक्षित स्पेशल ट्रेन: वापसी में यह स्पेशल ट्रेन दोपहर 2.35 बजे रोहतक से रवाना होगी और सुबह 4.15 बजे रेवाड़ी पहुंचेगी. इसका नंबर 09618 है और यह ट्रेन रोहतक से शुरू होकर अबोहर, डीघल, झज्जर, मछरौली, पाल्हावास, गोकलगढ़ होते हुए रेवाड़ी पहुंचेगी. यह ट्रेन 11.01-2024 से 01.04-2024 तक चलाई जा रही है.

यह ट्रेन कितने समय से चल रही है?

यह ट्रेन आज 10 जनवरी 2024 से चलाई जा रही है और फिलहाल इसे 31-03-2024 मार्च तक चलाने का निर्णय लिया गया है. अगर यात्रियों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला तो शायद इसे आगे भी जारी रखा जा सकता है। हालांकि यह ट्रेन देर रात चलती है, लेकिन स्थानीय यात्रियों के लिए यह एक अच्छा विकल्प बन सकती है।

रेलवे अपग्रेडेशन के लिए लगातार काम कर रहा है

हाल ही में एक निजी चैनल को दिए इंटरव्यू में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भी दोहराया था कि भारतीय रेलवे को विश्व स्तरीय रेल सेवा प्रदाता बनाना है. आने वाले दो साल में देश की पहली बुलेट ट्रेन का परिचालन शुरू हो जाएगा. इसके अलावा वंदे भारत और अमृत ट्रेनों के जरिए भी यात्रियों को सुविधा देने की कोशिश की जा रही है.