Haryana Smart Meter Scheme: हरियाणा के इन 10 शहरों में लगेंगे स्मार्ट मीटर, मोबाइल की तरह होगा रिचार्ज

 

Haryana Smart Meter Scheme: हरियाणा में अब बिजली निगम ने बिजली चोरी पर अकुंश लगाने और डिजीटल तरीके से भुगतान के लिए स्मार्ट मीटर स्कीम में तेजी ला दी है। इसी के चलते प्रदेश के 10 जिलों में इसकी प्रक्रिया शुरु हो गई है।

बिजली निगम की तरफ से सिरसा, फतेहाबाद और जींद सर्कल के लिए 681 करोड़ रुपये के टेंडर लगाए हैं। ये टेंडर 16 फरवरी को विभाग की ओर से ओपन किए जाएंगे। निगम अधिकारियों के अनुसार मार्च के बाद काम शुरू हो जाएगा।

प्रदेश के करनाल, पंचकूला और पानीपत हेडक्वार्टर स्तर पर स्मार्ट मीटर लगाने का कार्य पूर्ण हो चुका है। अब प्रदेश के अन्य जिलो में स्मार्ट मीटर लगाने का विभाग कार्य शुरू करेगा। इसको लेकर सर्कल के अनुसार करोड़ों रुपये के टेंडर लगाए गए हैं। स्मार्ट मीटर में उपभोक्ता मोबाइल के जरिए मीटर की निगरानी कर पाएंगे।

स्मार्ट मीटर से कैसे होगा काम ?
उपभोक्ता मीटर को प्री-पेड भी करवा सकता है यानी जितने रुपये का रिचार्ज करवाएंगे उतनी ही बिजली मिलेगी। रिचार्ज खत्म होते ही बिजली सप्लाई बंद हो जाएंगी। 

यदि उपभोक्ता प्री-पेड प्लान का लाभ नहीं लेना चाहता तो सामान्य मीटर की तरह बिजली बिल उपभोक्ता के मोबाइल नंबर पर आता रहेगा और उसे उपभोक्ता वर्तमान की तरह भरकर बिजली आपूर्ति ले सकेंगे। 

अधिकारियों की माने तो विभाग के पास उपभोक्ता के बिजली लोड का सही आंकलन भी आ जाएगा। मीटर ज्यादा चलने और अधिक बिल आने की समस्या खत्म हो जाएगी।

इस प्रकार है शहर और टेंडर
हिसार, भिवानी - 548 करोड़
सिरसा, फतेहाबाद , जींद - 681करोड
पलवल , नारनौल व रेवाडी -- 579 करोड़
गुरुग्राम वन, टू और फरीदाबाद - 546 करोड़

उपभोक्ता और विभाग दोनों को होगा लाभ
अधिकारियों की माने तो स्मार्ट मीटर से उपभोक्ता और विभाग दोनों को फायदा होगा। जहां उपभोक्ता अपनी मर्जी के अनुसार बिजली का प्रयोग कर पाएगा। वहीं विभाग के कर्मचारियों की बिल देने और मीटर के तेज चलने जैसे समस्या से रूबरू नहीं होना पड़ेगा। 

उपभोक्ताओं को बिजली के खर्च की तुरंत जानकारी मिलती रहेगी। प्री-पेड सुविधा लेने वाले उपभोक्ताओं को मोबाइल रिचार्ज की तरह बिजली का रिचार्ज मिल सकेगा।
 
पूरे दक्षिण हरियाणा के जिलों में स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है। अभी इसमें दो से तीन महीने का समय लगेगा। - अनिल शर्मा, चीफ इंजीनियर कॉमर्शियल, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम